एअर इंडिया ने अपने ग्राउंड हैंडलिंग वेंचर AISATS के 4 कर्मचारियों को इस्तीफा देने के लिए कहा है। ये कार्रवाई एक वायरल वीडियो को लेकर की गई है, इसमें ये कर्मचारी अहमदाबाद में हुए एअर इंडिया फ्लाइट AI 171 हादसे के बाद ऑफिस में डांस पार्टी करते नजर आ रहे हैं। एअर इंडिया ने शुक्रवार को बयान जारी कर कहा, ‘AI 171 की दुखद घटना से प्रभावित परिवारों के साथ हम पूरी संवेदना के साथ खड़े हैं। वायरल वीडियो में जो आचरण दिखा, वह हमारी कंपनी की पॉलिसी के खिलाफ है। हमने जिम्मेदार लोगों पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की है।’ एयरलाइन ने वीडियो कब और किस ऑफिस का है, ये स्पष्ट नहीं किया है। वहीं, मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि यह वीडियो घटना के 8 दिन बाद 20 जून का है, इसमें कर्मचारी AISATS के गुरुग्राम ऑफिस में पार्टी कर रहे हैं। दरअसल, अहमदाबाद से लंदन जा रही फ्लाइट AI 171 टेकऑफ के कुछ ही देर बाद एक मेडिकल हॉस्टल की इमारत से टकरा गई थी। इसमें 270 लोगों की मौत हो गई थी, जिनमें 241 यात्री और क्रू मेंबर शामिल थे। एक यात्री इस हादसे में जिंदा बचा है। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ, जिससे लोगों में गुस्सा देखा गया। इसको लेकर यूजर एअर इंडिया की संवेदनशीलता पर सवाल उठा रहे हैं। वहीं, एयरलाइन को ट्रोल किया जा रहा है। DGCA ने एअर इंडिया के 3 अफसरों को हटाने का आदेश दिया DGCA ने 21 जून को एअर इंडिया को 3 अफसरों को हटाने का आदेश दिया था। इनमें डिविजिनल वाइस प्रेसिडेंट चूड़ा सिंह, क्रू शेड्यूलिंग करने वाली चीफ मैनेजर पिंकी मित्तल और क्रू शेड्यूलिंग की प्लॉनिंग से जुड़ी पायल अरोड़ा शामिल थे। तीनों अफसरों के खिलाफ यह कार्रवाई एविएशन सेफ्टी प्रोटोकॉल के गंभीर उल्लंघन को लेकर की गई। DGCA ने एअर इंडिया को तत्काल प्रभाव से इन्हें क्रू शेड्यूलिंग और रोस्टरिंग से जुड़े रोल से हटाने का आदेश दिया था। प्लेन क्रैश में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी का भी निधन हुआ था एअर इंडिया की उड़ान संख्या AI 171 अहमदाबाद से लंदन जा रही थी। इसमें 169 भारतीय, 53 ब्रिटिश, 7 पुर्तगाली और एक कनाडाई नागरिक समेत कुल 230 यात्री सवार थे। इनमें 103 पुरुष, 114 महिलाएं, 11 बच्चे और 2 नवजात शामिल हैं। बाकी 12 क्रू मेंबर्स थे। हादसे में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी का भी निधन हो गया है। पायलट ने मेडे कॉल किया था फ्लाइटरडार24 के मुताबिक, विमान का आखिरी सिग्नल 190 मीटर (625 फीट) की ऊंचाई पर मिला, जो उड़ान भरने के तुरंत बाद था। भारत के सिविल एविएशन रेगुलेटर DGCA ने बताया कि विमान ने 12 जून की दोपहर 1:39 बजे रनवे 23 से उड़ान भरी थी। उड़ान भरने के बाद विमान ने एयर ट्रैफिक कंट्रोलर को मेडे कॉल (इमरजेंसी मैसेज) भेजा, लेकिन इसके बाद कोई जवाब नहीं मिला। DGCA के अनुसार, विमान में दो पायलट और 10 केबिन क्रू सहित कुल 242 लोग सवार थे। पायलट के पास 8,200 घंटे और को-पायलट के पास 1,100 घंटे की उड़ान का अनुभव था। ——————- अहमदाबाद प्लेन क्रैश से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें…. अहमदाबाद विमान हादसा-पायलट ने 2000 से ज्यादा जानें बचाईं:कुछ सेकंड पहले ही डाउन कर दिया था प्लेन, 3 सेकंड की देरी से बहुत बड़ी तबाही होती अहमदाबाद में 12 जून को एअर इंडिया विमान हादसे में जान गंवाने वालों की संख्या हजारों में हो सकती थी। हालांकि, कैप्टन सुमित सभरवाल (56) की सूझबूझ की वजह से कई जानें बच गईं। सूत्रों के अनुसार, कैप्टन सुमीत काे जब ये अहसास हो गया कि वे विमान क्रैश होने से नहीं रोक सकेंगे तो उन्होंने जानबूझकर विमान को ऐसी जगह गिराया जहां नुकसान कम से कम हो। पूरी खबर पढ़ें…