लोकसभा चुनाव के लिए I.N.D.I. गठबंधन के तहत कांग्रेस के साथ आई आम आदमी पार्टी अगले साल होने वाले दिल्ली विधानसभा चुनाव में अकेले लड़ेगी। पार्टी के दिल्ली संयोजक गोपाल राय ने गुरुवार को ऐलान किया कि कांग्रेस के साथ गठबंधन सिर्फ लोकसभा चुनाव के लिए था। विधानसभा चुनाव में हम अकेले मैदान में उतरेंगे। दरअलसल, गुरुवार शाम को CM हाउस पर पार्टी के दिल्ली के सभी विधायकों और नेताओं की बैठक बुलाई गई। इसमें लोकसभा चुनाव के नतीजों की समीक्षा की गई। इसके बाद राय ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा- यह पहले दिन से स्पष्ट है कि INDI गठबंधन लोकसभा चुनाव के लिए था। दोनों पार्टियों ने पूरी ईमानदारी के साथ मिलकर चुनाव लड़ा, लेकिन तो विधानसभा के लिए देशभर में कोई गठबंधन अभी तक नहीं बना है। हम दिल्ली और अन्य राज्यों में विधानसभा चुनाव जनता के साथ मिलकर अकेले ही लड़ेंगे। दिल्ली की सभी 7 सीटों पर 25 मई को वोटिंग हुई थी। 4 जून को आए नतीजों में सभी सीटों पर भाजपा ने जीत दर्ज की। कांग्रेस-AAP गठबंधन एक भी सीट नहीं जीत सका। इस हार को लेकर ही AAP ने समीक्षा बैठक बुलाई थी, जिसके बाद गोपाल राय ने INDI गठबंधन को विधानसभा चुनाव में जारी न रखने का ऐलान किया है।
गोपाल राय ने कहा कि आज की बैठक में हमने दो अहम फैसले लिए हैं। आचार संहिता की वजह से पिछले 2 महीने से दिल्ली में विकास के काम ठप पड़े हुए हैं। इसे देखते हुए निर्णय लिया गया है कि सभी विधायक शनिवार और रविवार को अपनी-अपनी विधानसभा में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे और जितने भी विकास कार्य रुके हुए हैं, उनको तेजी से आगे बढ़ाएंगे। सभी विधायक जनता के बीच रहेंगे। शनिवार को पार्टी के सभी पार्षदों के साथ और उसके बाद 13 जून को पूरे प्रदेश के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करने का निर्णय भी हुआ है। पार्टी ने तय किया है कि जब तक अरविंद केजरीवाल जेल में हैं, तब तक लड़ाई जारी रहेगी और पार्टी इसे और ज्यादा मजबूती से आगे लेकर जाएगी। गोपाल राय ने कहा कि जिन कठिन परिस्थितियों में इस बार पार्टी ने लोकसभा का चुनाव लड़ा और पार्टी एकजुट व मजबूत होकर उभरी, उसकी सभी ने प्रशंसा की है। इसके लिए उन्होंने पार्टी के सभी पार्षदों, विधायकों, कार्यकर्ताओं के प्रति आभार भी जताया। दिल्ली में हार के कारणों पर राय ने कहा कि मोटे तौर पर सबका यही मानना है कि दिल्ली में पिछले दो चुनावों से जो ट्रेंड बना हुआ था, वो इस बार भी कायम रहा। उन्होंने विश्वास जताया कि विधानसभा में भी यह पैटर्न दोहराया जाएगा और आम आदमी पार्टी जीत हासिल करेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस से गठबंधन का सबसे बड़ा फायदा ये हुआ कि जीत-हार का अंतर काफी कम हुआ है।
गोपाल राय ने कहा कि आज की बैठक में हमने दो अहम फैसले लिए हैं। आचार संहिता की वजह से पिछले 2 महीने से दिल्ली में विकास के काम ठप पड़े हुए हैं। इसे देखते हुए निर्णय लिया गया है कि सभी विधायक शनिवार और रविवार को अपनी-अपनी विधानसभा में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे और जितने भी विकास कार्य रुके हुए हैं, उनको तेजी से आगे बढ़ाएंगे। सभी विधायक जनता के बीच रहेंगे। शनिवार को पार्टी के सभी पार्षदों के साथ और उसके बाद 13 जून को पूरे प्रदेश के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करने का निर्णय भी हुआ है। पार्टी ने तय किया है कि जब तक अरविंद केजरीवाल जेल में हैं, तब तक लड़ाई जारी रहेगी और पार्टी इसे और ज्यादा मजबूती से आगे लेकर जाएगी। गोपाल राय ने कहा कि जिन कठिन परिस्थितियों में इस बार पार्टी ने लोकसभा का चुनाव लड़ा और पार्टी एकजुट व मजबूत होकर उभरी, उसकी सभी ने प्रशंसा की है। इसके लिए उन्होंने पार्टी के सभी पार्षदों, विधायकों, कार्यकर्ताओं के प्रति आभार भी जताया। दिल्ली में हार के कारणों पर राय ने कहा कि मोटे तौर पर सबका यही मानना है कि दिल्ली में पिछले दो चुनावों से जो ट्रेंड बना हुआ था, वो इस बार भी कायम रहा। उन्होंने विश्वास जताया कि विधानसभा में भी यह पैटर्न दोहराया जाएगा और आम आदमी पार्टी जीत हासिल करेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस से गठबंधन का सबसे बड़ा फायदा ये हुआ कि जीत-हार का अंतर काफी कम हुआ है।