स्मार्टफोन ने हमारी जिंदगी को बहुत आसान बना दिया है। यही वजह है कि आज हर हाथ में स्मार्टफोन है। कैशलेस ट्रांजेक्शन के लिए UPI (यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस) और इंटरनेट बैंकिंग जैसी सुविधाओं ने स्मार्ट फोन को और पॉपुलर और हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बना दिया है। इंटरनेट बैंकिंग की वजह से लोग पैसों के लेन-देन को लेकर बैंकों के चक्कर लगाना भूल गए हैं। अब एक क्लिक पर पैसे ट्रांसफर करना, बिल भरना, फोन रिचार्ज करना, टिकट बुक करना या ऑनलाइन शॉपिंग जैसे काम बड़ी आसानी से हो जाते हैं। देश में स्मार्टफोन की संख्या में तेजी से बढ़ी है। लेकिन इसके साथ स्मार्टफोन चोरी और स्मार्टफोन से जुड़े फ्रॉड के मामलों में भी इजाफा हुआ है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक देश में हर महीने करीब 50,000 मोबाइल फोन चोरी होते हैं। ऐसी घटनाएं बस, ट्रेन या बाजार कहीं भी हो सकती हैं। मोबाइल चोरी होने पर लोगों को सबसे ज्यादा डर पर्सनल और फाइनेंशियल डेटा के लीक होने का होता है। कई बार अपराधी आपके सिम कार्ड का इस्तेमाल आपराधिक गतिविधियों के लिए भी कर सकते हैं। ऐसे में स्मार्टफोन के चोरी या गुम होने पर तुरंत UPI अकाउंट और सिम कार्ड को ब्लॉक करना जरूरी है। इसलिए आज जरूरत की खबर में बात करेंगे कि अगर फोन चोरी हो जाए तो अपनी UPI ID कैसे डिलीट करें? साथ ही जानेंगे कि- सवाल- UPI क्या है और यह कैसे काम करता है? जवाब- UPI यानी यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस एक रियल टाइम पेमेंट सिस्टम होता है। इसकी मदद से एक बैंक अकाउंट से दूसरे बैंक अकाउंट में पैसा 24*7 ट्रांसफर किया जा सकता है। इसका इस्तेमाल करना बिल्कुल फ्री है और इसमें पैसे ट्रांसफर की कोई न्यूनतम राशि निर्धारित नहीं है। UPI के जरिए पैसे ट्रांसफर करने के लिए स्मार्टफोन में फोन पे, पेटीएम, गूगल पे, भीम ऐप जैसे पेमेंट ऐप होना जरूरी है, जो आपके बैंक अकाउंट से लिंक होना चाहिए। इसके बाद आप UPI ऐप्स का आसानी से इस्तेमाल कर सकते हैं। सवाल- स्मार्टफोन चोरी होने पर UPI ID को ब्लॉक करना क्यों जरूरी है? जवाब- UPI ID आपका यूनिक आइडेंटिफायर होता है। अगर आपका फोन गलत हाथों में लग जाए तो इसका मिसयूज हो सकता है। वह आपके बैंक अकाउंट को खाली कर सकता है। इसलिए फोन के चोरी होने की स्थिति में UPI ID को ब्लॉक करना बहुत जरूरी है। सवाल- स्मार्टफोन के चोरी या गुम होने की स्थिति में UPI अकाउंट को कैसे ब्लॉक कर सकते हैं? जवाब- अगर आपका स्मार्टफोन गुम या चोरी जाता है तो आपको कस्टमर केयर को कॉल करके अपना UPI अकाउंट ब्लॉक करने का इंतजार नहीं करना चाहिए क्योंकि कई बार इस प्रोसेस में देर लग सकती है। आप किसी और स्मार्टफोन की मदद से भी UPI ID को ब्लॉक करा सकते हैं। दूसरे फोन से आपको कस्टमर केयर को कॉल करके अपनी कुछ डिटेल्स बतानी होंगी। डिटेल्स के मैच होने पर UPI अकाउंट को ब्लॉक कर दिया जाएगा। नीचे दिए ग्राफिक से समझिए कि UPI अकाउंट को कैसे ब्लॉक कर सकते हैं। सवाल- फोन के चोरी या गुम होने पर सिम कार्ड को लेकर क्या सावधानी बरतनी चाहिए? जवाब- स्मार्टफोन के चोरी या गुम होने की स्थिति में सबसे बड़ी परेशानी सिम कार्ड को लेकर आती है। दरअसल सिम कार्ड की भी अपनी एक स्टोरेज मेमोरी होती है। इसमें आपके कॉन्टैक्ट नंबर, टेक्सट मैसेज होते हैं। इसके अलावा सिम कार्ड से बैंक अकाउंट जैसा सेंसिटिव डेटा जुड़ा होता है। इसलिए मोबाइल फोन के चोरी या गुम होने पर सिम को तुरंत ब्लॉक करना चाहिए। सवाल- फोन चोरी या गुम होने की स्थिति में सिम कार्ड को कैसे ब्लॉक करें? जवाब- मोबाइल के चोरी होने पर तुरंत सिम कार्ड को बंद कराना चाहिए क्योंकि सिम का इस्तेमाल करके अवैध गतिविधियों को अंजाम दिया जा सकता है। इसके अलावा अगर सिम कार्ड बैंक से जुड़ा है तो OTP भी उसी नंबर पर जाएगा। नीचे दिए ग्राफिक से समझिए कि फोन के चोरी या गुम हो जाने पर सिम को कैसे बंद कराएं। अब तक हमने यह जान लिया कि स्मार्टफोन के चोरी या गुम हो जाने पर UPI अकाउंट या SIM कार्ड को कैसे ब्लॉक कर सकते हैं। आइए अब जानते हैं कि मोबाइल फोन को कैसे ब्लॉक करवा सकते हैं। सवाल- क्या चोरी या गुम हुए फोन को भी ब्लॉक करा सकते हैं? जवाब- हां बिल्कुल। मोबाइल फोन में फोटो, वीडियो वगैरह पर्सनल डेटा होता है। कोई भी इसका गलत इस्तेमाल कर सकता है। इसलिए अगर आपका फोन चोरी या गुम हो जाए तो डिपार्टमेंट ऑफ टेलिकम्युनिकेशन की वेबसाइट सेंट्रल इक्विपमेंट आईडेंटिटी रजिस्टर (CEIR) की सहायता से आप घर बैठे अपने मोबाइल फोन को ब्लॉक करवा सकते हैं। इसके बाद आपका मोबाइल फोन चोर के किसी काम का नहीं रहेगा। वहीं अगर किसी स्थिति में फोन दोबारा वापस मिल जाता है तो यूजर उसे CEIR की सहायता से अनब्लॉक भी कर सकता है। नीचे दिए स्टेप्स से समझिए कि मोबाइल फोन को कैसे ब्लॉक कर सकते हैं। स्टेप:1 फोन चोरी होने पर सबसे पहले इसकी रिपोर्ट नजदीकी पुलिस थाने में दर्ज करानी चाहिए। आप पुलिस विभाग के ऑनलाइन पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इससे चोरी होने वाले स्मार्टफोन का FIR नंबर जनरेट हो जाएगा। FIR के बाद अगर कोई आपके फोन का गलत इस्तेमाल करता है तो आप उसके लिए जिम्मेदार नहीं होंगे। स्टेप:2 CEIR के पोर्टल पर जाकर मोबाइल और उसका IMEI नंबर ब्लॉक करना होगा। इससे अगर कोई फोन का इस्तेमाल करता है तो पुलिस उसे ट्रैक कर सकती है। सवाल- CEIR के पोर्टल पर कैसे शिकायत दर्ज करा सकते हैं? जवाब- मोबाइल फोन के खोने या गुम होने पर CEIR के पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने के लिए इन स्टेप्स को फॉलो करें-