जरूरत की खबर- मानसून में हो सकती गट हेल्थ खराब:कैसे रखें पेट का ख्याल, बारिश में पाचन दुरुस्त रखने के 8 सरल तरीके

मानसून का मौसम चिलचिलाती गर्मी से राहत तो दिलाता है, लेकिन अपने साथ कई हेल्थ प्रॉब्लम्स भी लेकर आता है। इस मौसम में न केवल स्किन एलर्जी होने का खतरा बढ़ता है, बल्कि पाचन संबंधी समस्याएं भी बढ़ जाती हैं। पाचन से जुड़ी बीमारियों का सीधा संबंध हमारी गट हेल्थ से है। गट यानी पेट एक तरह से हमारे शरीर का इंजन होता है। जैसा खाना हम उसे देंगे, वह वैसा ही परफॉर्म करेगा। हमारे इंटेस्टाइन से शरीर के किस-किस हिस्से में क्या जाएगा, यह गट ही तय करता है। बारिश के मौसम में बैक्टीरिया और वायरस के संपर्क में आने से खाने-पीने की चीजें दूषित हो जाती हैं। यह खाना जब पेट में जाता है तो बीमारियों का कारण बनता है। ऐसे में बारिश के मौसम में अपनी डाइट को लेकर सावधानी बरतनी चाहिए। इसलिए आज जरूरत की खबर में बात करेंगे कि मानसून में गट हेल्थ का ध्यान कैसे रखें? साथ ही जानेंगे कि- एक्सपर्ट: डॉ. हरि प्रसाद यादव, गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट, मेदांता हॉस्पिटल (इंदौर) सवाल- बरसात के मौसम में पेट दर्द या पेट खराब होने की समस्या क्यों बढ़ जाती है? जवाब- हमारे पेट का काम खाने को लेना और उसे पचाकर शरीर को एनर्जी देना है। बारिश का मौसम वायरस और बैक्टीरिया के लिए सबसे मुफीद समय होता है। दरअसल वातावरण में नमी और उमस वायरस और बैक्टीरिया के अनुकूल होती है। इस मौसम में बैक्टीरिया की प्रजनन क्षमता कई गुना बढ़ जाती है। ये बैक्टीरिया खाने-पीने की चीजों के जरिए हमारे पेट के अंतर जाते हैं और बीमारियों का कारण बनते हैं। नीचे दिए ग्राफिक से इसे समझिए। सवाल- बैक्टीरिया से होने वाली बीमारियों से कैसे बच सकते हैं? जवाब- बारिश के मौसम में बैक्टीरिया से होने वाली बीमारियों से बचने के लिए सबसे जरूरी है खाने-पीने की चीजों में हाइजीन का ध्यान रखना। दरअसल नमी में साफ-सफाई न रखने पर बैक्टीरिया जल्दी पनपने हैं। इसके लिए इन बातों का ख्याल रखें। सवाल- बारिश के मौसम में पाचन तंत्र को दुरूस्त रखने के लिए डाइट में क्या शामिल करें? जवाब- हमारी आंत में गुड और बैड, दोनों तरह के बैक्टीरिया होते हैं। गुड बैक्टीरिया शरीर को स्वस्थ रखने के लिए जरूरी हैं। यह बैक्टीरिया इम्यूनिटी को बूस्ट करते हैं और पाचन तंत्र को दुरूस्त रखते हैं। एक एक बार पेट में इंफेक्शन हो जाए तो वह इंफेक्शन और उसके लिए खाई जा रही दवा, दोनों ही बड़ी संख्या में गट के गुड बैक्टीरिया को खत्म कर देते हैं और फिर उस इंफेक्शन अटैक से उबरने और गुड बैक्टीरिया को दोबारा पनपने में काफी समय लगता है। इसलिए बरसात के मौसम में बड़ी मात्रा में अपनी डाइट में ऐसी खाने-पीने की चीजों को शामिल करना चाहिए, जो गुड बैक्टीरिया को बढ़ाने में मददगार हैं। नीचे दिए ग्राफिक से समझिए कि पाचन तंत्र को दुरूस्त रखने के लिए किन बातों का ध्यान रखें। आइए, ग्राफिक में दिए पॉइंट्स को थोड़ा विस्तार से समझते हैं। शरीर को हाइड्रेटेड रहना जरूरी बारिश के मौसम में शरीर को हाइड्रेटेड रखने के लिए रोज करीब 3 लीटर पानी पिएं। पानी शरीर से टॉक्सिक सब्सटेंस को बाहर निकालता है, जिससे पाचन तंत्र बेहतर काम करता है। इसके अलावा पाचन में सुधार के लिए हर्बल चाय, नींबू पानी और नारियल पानी को भी अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं। इम्यूनिटी बूस्ट करता है दही खाने में दही को शामिल करें। दही में भरपूर मात्रा में प्रोटीन और कैल्शियम होता है। साथ ही यह प्रोबायोटिक भी है। इससे पाचन तंत्र दुरुस्त रहता है। साथ ही इम्यूनिटी भी बूस्ट होती है। फाइबर वाले फल-सब्जियां खाएं बारिश के मौसम में साबुत अनाज, ओट्स, बेरीज, सेब, फलियां जैसे फूड खाना फायदेमंद है। ये फाइबर रिच फूड गट हेल्थ को बेहतर बनाते हैं। अदरक और लहसुन खाएं अदरक और लहसुन गट हेल्थ के लिए बहुत गुणकारी हैं। कच्चा अदरक और लहसुन एंटीऑक्सीडेंट भी हैं, जो पेट के गुड बैक्टीरिया के लिए पोषण का काम करते हैं। इसके अलावा अदरक में जिंजरोल होता है, जबकि लहसुन में एलिसिन होता है। दोनों में शक्तिशाली एंटीबैक्टीरियल और एंटीफंगल गुण होते हैं। यह गट हेल्थ को बेहतर बनाने में मदद करते हैं। हर रोज एक्सरसाइज करना है जरूरी नियमित एक्सरसाइज करने से पाचन तंत्र दुरुस्त रहता है क्योंकि एक्सरसाइज डाइजेस्टिव सिस्टम में बैक्टीरिया का सही संतुलन बनाए रखने में मदद करती है। हर रोज एक्सरसाइज करने से अपच, पेट में दर्द, एसिडिटी, कब्ज जैसी कई समस्याएं नहीं होती हैं। सवाल- बारिश के मौसम में गट हेल्थ को लेकर क्या सावधानियां बरतनी चाहिए? जवाब- बारिश के मौसम में खाने-पीने की आदतों में भी बदलाव लाना चाहिए। इसके लिए इन बातों का ध्यान रखें- कच्ची सब्जियां न खाएं बारिश के मौसम में उबली हुई सब्जियां खानी चाहिए। कच्ची सब्जियों में बैक्टीरिया और वायरस हो सकते हैं, जो गट हेल्थ को नुकसान पहुंचा सकते हैं। इससे पेट में संक्रमण हो सकता है। चीनी का इंटेक करें कम बारिश के मौसम में आइसक्रीम, चॉकलेट, कैंडी या अन्य शुगरी आइटम्स खाने से बचना चाहिए। इससे पेट में सूजन, दर्द की समस्या हो सकती है। तले और प्रोसेस्ड फूड आइटम्स से बचें तले और प्रोसेस्ड फूड आइटम्स में फाइबर और पोषक तत्व कम होते हैं। बारिश के समय इन चीजों को पचाने में गट को अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ती है। इस मौसम में इन चीजों को खाने से पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। खाने को आराम से खाएं खाना खाते समय उसे अच्छे से चबाएं। चबाने से खाना छोटे-छोटे टुकड़ों में टूट जाता है, जिससे पेट के लिए उसे पचाना आसान होता है। इसलिए खाना जल्दबाजी या भागदौड़ में खाना खाने से बचना चाहिए।