पुरी रथयात्रा कल:200 से ज्यादा लोग 58 दिनों में तैयार करते हैं रथ, जानिए यात्रा के बाद क्या होता है इन रथों का?

ओडिशा के पुरी में कल (27 जून) रथयात्रा है। भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा के रथ तैयार हो चुके हैं। हर साल 45 फीट ऊंचे तीनों रथ 200 से ज्यादा लोग सिर्फ 58 दिनों में तैयार करते हैं। ये रथ 5 तरह की खास लकड़ियों से पूरी तरह हाथों से बनाए जाते हैं। लकड़ियां मापने के लिए किसी स्केल का इस्तेमाल नहीं होता, बल्कि एक छड़ी से ही माप कर 45 फीट ऊंचे और 200 टन से ज्यादा वजनी रथ तैयार किए जाते हैं। हर साल नए रथ बनते हैं। इनकी शुरुआत अक्षय तृतीया से हो जाती है और गुंडिचा यात्रा के दो दिन पहले रथ बन कर तैयार हो जाते हैं। यात्रा खत्म होने के बाद रथों को तोड़ दिया जाता है। पढ़िए, रथों के बनने से लेकर टूटने तक की कहानी…