राष्ट्रपति मुर्मू ने भर्तृहरि माहताब को प्रोटेम स्पीकर नियुक्त किया:कटक से सात बार के सांसद हैं, मार्च में BJD छोड़कर BJP में आए

18वीं लोकसभा का पहला सत्र 24 जून से शुरू होगा। इसमें लोकसभा स्पीकर और डिप्टी स्पीकर का चुनाव होगा। इससे पहले गुरुवार (20 जून) को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संविधान के आर्टिकल 95 (1) के तहत ओडिशा के कटक से भाजपा सांसद भर्तृहरि माहताब को प्रोटेम स्पीकर नियुक्त किया है। वे चुनाव होने तक यह जिम्मेदारी संभालेंगे। भर्तृहरि माहताब कटक से सात बार के सांसद हैं। वे इस साल मार्च में ही BJD छोड़कर BJP में शामिल हुए हैं। 2017 में लोकसभा में होने वाली चर्चाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए उन्हें आउटस्टैंडिंग पार्लियामेंटेरियन अवॉर्ड से नवाजा गया था। इसके अलावा राष्ट्रपति ने संविधान के अनुच्छेद 99 के तहत लोकसभा स्पीकर के चुनाव तक नवनिर्वाचित सांसदों को शपथ दिलाने में प्रोटेम स्पीकर की मदद करने के लिए सुरेश कोडिकुन्निल, थलिक्कोट्टई राजुथेवर बालू, राधा मोहन सिंह, फग्गन सिंह कुलस्ते और सुदीप बंद्योपाध्याय को नियुक्त किया है। कौन होता है प्रोटेम स्पीकर?
प्रोटेम लैटिन शब्द प्रो टैम्पोर से आया है। इसका मतलब होता है- कुछ समय के लिए। प्रोटेम स्पीकर अस्थायी स्पीकर होता है। लोकसभा या विधानसभा चुनाव होने के बाद सदन को चलाने के लिए प्रोटेम स्पीकर को चुना जाता है। प्रोटेम स्पीकर का मुख्य काम नव निर्वाचित सांसदों/विधानसभा का शपथ ग्रहण कराना है। यह पूरा कार्यक्रम प्रोटेम स्पीकर की देखरेख में होता है। प्रोटेम स्पीकर का काम फ्लोर टेस्ट भी करवाना होता है। हालांकि संविधान में प्रोटेम स्पीकर की नियुक्ति, काम और पावर के बारे में स्पष्ट रूप से कुछ नहीं कहा गया है।