9वीं से 12वीं तक पाठ्यक्रम 30% कम करने के विरोध में सौंपा ज्ञापन

कक्षा नौवीं से बारहवीं तक पाठ्यक्रम 30 प्रतिशत तक कम करने, ई-लर्निंग व परीक्षा लेने के विरोध में जन शिक्षा अधिकार मंच ने प्रदर्शन कर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। जन शिक्षा अधिकार मंच, रिटायर्ड कर्मचारी संघ हरियाणा एवं हरियाणा विद्यालय अध्यापक संघ के बैनरतले लघु सचिवालय के सामने एकत्र होकर केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड द्वारा तथा हरियाणा शिक्षा बोर्ड द्वारा कक्षा नौवीं से बारहवीं तक की पाठ्यपुस्तकों से 30 प्रतिशत पाठ्यक्रम हटाने का फरमान जारी करने के विरोध में प्रदर्शन करते हुए तहसीलदार के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा गया।

अध्यापक संघ के जिला प्रधान भीम सिंह,जन शिक्षा अधिकार मंच के जिला संयोजक राज सिंह, रिटायर्ड कर्मचारी संघ के जिला प्रधान नवल नरवत ने कहा कोरोना के कारण मध्य मार्च से ही स्कूल बंद हैं। वहां कोई नियमित व औपचारिक कक्षों में शिक्षण का कार्य नहीं हो रहा। सरकार ने ई लर्निंग नाम का झुंझुना शिक्षकों व बच्चों को थमा दिया है।

उन्होंने कहा एक सर्वे के अनुसार 90 प्रतिशत छात्र पढ़ाई से वंचित हैं क्योंकि न अध्यापकों व अभिभावकों को कोई प्रशिक्षण दिया गया और न छात्रों के पास खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाएं जैसे कि एन्ड्राड फोन, कम्प्यूटर, लैपटाप, नेट व बिजली की सुविधा है। पाठ्यक्रम में एकरूपता नहीं है। इससे गरीब छात्रों का नुकसान हो रहा है तथा वे दबाव में हैं।

Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today