पेरिस ओलिंपिक में फाइनल से ठीक पहले ओवरवेट बता अयोग्य करार दी गईं विनेश फोगाट की याचिका पर आज कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स (CAS) में सुनवाई हुई। भारत की ओर से एडवोकेट हरीश सॉल्वे विनेश के सिल्वर मेडल की मांग के केस में मदद कर रहे हैं। सुनवाई में कोर्ट ने युनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग (UWW) से रेसलिंग को लेकर नियम पूछे। इसके बाद CAS ने कहा कि पेरिस ओलिंपिक की समाप्ति से पहले विनेश फोगाट की याचिका पर फैसला कर दिया जाएगा। यह मामला अब सोल आर्बिट्रेटर को भेजा गया है। कोर्ट ने यह भी कहा कि यह ऐसा मामला नहीं है कि जिस पर एक घंटे के अंदर फैसला लिया जा सके। CAS ने यह कहा कि विनेश फोगाट ने भी इस मामले में अर्जेंट फैसले की मांग नहीं की है। फिर भी इस प्रक्रिया तो तेजी से निपटाया जाएगा। वहीं इसको लेकर इंटरनेशनल ओलिंपिक कमेटी (IOC) के प्रेजिडेंट थॉमस बाक से पूछा गया कि क्या वे विनेश फोगाट मामले में 2 सिल्वर मेडल देने के पक्ष में हैं। इस पर बाक ने कहा-” यदि आप सामान्य रूप से एक कैटेगरी में 2 सिल्वर मेडल देने की बात कह रहे हैं तो मेरा जवाब है- नहीं। इंटरनेशनल फेडरेशन के नियम हैं और उनका पालन किया जाना चाहिए। इंटरनेशनल फेडरेशन और युनाइटेड रेसलिंग फेडरेशन इसका निर्णय ले रहा था।” थॉमस बाक ने आगे कहा-” फेडरेशन या अन्य, जिन लोगों को इसका फैसला लेना है, उनको देखना होगा कि कहां कब क्या कटौती करनी है। क्या आप ये कहते हैं कि 100 ग्राम के साथ हम इसे दे देते हैं और 102 ग्राम के साथ नहीं देते।” बाक ने कहा- ”अब मामला खेल कोर्ट (CAS) में है, हम उसके फैसले का पालन करेंगे। अब इंटरनेशनल फेडरेशन को अपने नियमों को लागू और उनकी व्याख्या करनी है। यह उनकी जिम्मेदारी है।” फोगाट ने बुधवार को अपनी अपील दायर की और नए वेट-इन की मांग करते हुए फाइनल में भाग लेने की अनुमति मांगी। ऐसा न होने पर 50KG वेट कैटेगरी में उन्हें संयुक्त रूप से सिल्वर मेडल दिया जाए। तब उनका वेट कैटेगरी के हिसाब से था। इसके बाद उनकी ये अपील स्वीकार कर ली गई थी। ओलिंपिक से डिसक्वालीफाई होने पर विनेश फोगाट संन्यास ले चुकीं हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर इसका ऐलान किया। नीरज चोपड़ा ने विनेश के बारे में क्या कहा…
उधर, जेवलिन में सिल्वर मेडल जीतने वाले नीरज चोपड़ा ने विनेश फोगाट के बारे में कहा- ” विनेश ने जो भी किया है, वह अपने आप में मिसाल है। युई सुसाकी को हराना अपने आप में बहुत बड़ी बात है। मुझे रूल पता नहीं है रेसलिंग के, लेकिन वह गोल्ड की तरफ बहुत अच्छे से बढ़ रही थीं।” नीरज ने आगे कहा- ”सुबह जब मैं खाना खा रहा था, तब मुझे पता चला कि वेट की कुछ प्रॉब्लम हुई है। मुझे बहुत दुख हुआ। विनेश की जर्नी के बारे में हम सबको पता है। 2016 में उन्हें इंजरी हुई। इसके अलावा उनका पर्सनल भी बहुत कुछ चल रहा था। इसके बाद सबसे उबर कर आना, मेंटली स्ट्रॉन्ग होकर खेलना और यहां तक पहुंचना, सब कुछ बहुत अच्छा जा रहा था, लेकिन भगवान को कुछ और ही मंजूर था। हम सब जानते हैं कि उन्होंने जो कुछ किया है, जबरदस्त किया है। उसे कोई झुठला नहीं सकता।” खेल कोर्ट और विनेश के वकील से जुड़ी अहम जानकारियां पढ़ें… विनेश फोगाट मामले में अब तक क्या हुआ, सिलसिलेवार ढंग से पढ़ें… 1. ओलिंपिक के फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला रेसलर
विनेश फोगाट ने 50 किग्रा वेट कैटेगरी में मंगलवार को 3 मैच खेले। प्री-क्वार्टर फाइनल में उन्होंने टोक्यो ओलिंपिक की चैंपियन यूई सुसाकी को हरा दिया। क्वार्टर फाइनल में उन्होंने यूक्रेन और सेमीफाइनल में क्यूबा की रेसलर को पटखनी दी। विनेश फाइनल में पहुंचने वालीं पहली ही भारतीय महिला रेसलर बनीं थीं। सेमीफाइनल तक 3 मैच खेलने के बाद उन्हें प्रोटीन और एनर्जी के लिए खाना खिलाया गया, जिससे उनका वजन 52.700 किग्रा तक बढ़ गया। 2. विनेश का वजन 2.7 किलो ज्यादा था
भारतीय ओलिंपिक टीम के डॉक्टर डॉक्टर दिनशॉ पारदीवाला के मुताबिक विनेश का वेट वापस 50KG पर लाने के लिए टीम के पास सिर्फ 12 घंटे थे। पूरी टीम रातभर विनेश का वजन कम करने की कोशिश में लगी रही। विनेश पूरी रात नहीं सोईं और वजन को तय कैटेगरी में लाने के लिए जॉगिंग, स्किपिंग और साइकिलिंग जैसी एक्सरसाइज करती रहीं। विनेश ने अपने बाल और नाखून तक काट दिए थे। उनके कपड़े भी छोटे कर दिए गए थे। 3. वजन घटाने को सिर्फ 15 मिनट मिले, 100 ग्राम ज्यादा था
बुधवार सुबह दोबारा से विनेश के वजन की जांच की गई। इसके बाद नियमानुसार सिर्फ 15 मिनट मिले, लेकिन इतने कम समय में विनेश का वजन घटाकर 50KG तक नहीं लाया जा सका। लास्ट में जब वेट किया गया तो विनेश का वजन तय सीमा से 100 ग्राम अधिक निकला। 4. डिस्क्वालिफिकेशन के बाद बीमार हुईं विनेश
इंडियन टीम के चीफ मेडिकल ऑफिसर डॉ. दिनशॉ पारदीवाला ने बताया ओलिंपिक कमेटी के फैसले के बाद विनेश को कमजोरी महसूस हुई। पानी की कमी हुई, जिसके बाद उनका ब्लड टेस्ट किया गया। लोकल ओलिंपिक हॉस्पिटल में उनका इलाज किया जा रहा है। वेट कम करने के दौरान विनेश नॉर्मल थीं, लेकिन नतीजे के बाद वह बीमार पड़ गईं। 5. PM मोदी ने कहा- इंडियन ओलिंपिक एसोसिएशन कड़ा विरोध दर्ज करे
PM नरेंद्र मोदी ने IOA प्रेसिडेंट पी टी ऊषा से बात की और विनेश फोगाट मामले की पूरी जानकारी ली है। इस मामले में हर विकल्प आजमाने और समाधान के प्रयास के साथ साथ PM ने पीटी ऊषा से विनेश फोगाट मामले में भारत का कड़ा विरोध दर्ज कराने को भी कहा। इंडियन ओलिंपिक एसोसिएशन के प्रधान पीटी ऊषा विनेश से मिलीं। केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया ने विनेश को लेकर संसद में बयान दिया। 6. खेल मंत्री बोले- कोच हमेशा साथ रहता है
खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने कहा- कोच साथ रहता है। फिजियो अश्विनी पाटिल हमेशा साथ रहते हैं। अतिरिक्त सहायक स्टाफ भी रहता है। इन्हें 70 लाख की सहायता दी गई है। स्पेन के मेड्रिड, फ्रांस में प्रशिक्षण के लिए वित्तीय सहायता दी गई है। हंगरी में 4 दिन तक इंटरनेशनल प्रशिक्षण के लिए स्टाफ को वित्तीय सहायता दी गई है। 7. डिस्क्वालिफिकेशन के खिलाफ अपील भी की
विनेश ने संन्यास के ऐलान से पहले बुधवार रात अपने डिस्क्वालिफिकेशन के खिलाफ अपील दायर की है। उन्होंने कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स से मांग की कि उन्हें संयुक्त रूप से सिल्वर मेडल दिया जाए। विनेश ने पहले फाइनल खेलने की मांग भी की थी। फिर उन्होंने अपील बदली और अब संयुक्त रूप से सिल्वर दिए जाने की मांग की। 8. विनेश ने लिया संन्यास, सोशल मीडिया पर डाली पोस्ट
विनेश ने गुरुवार सुबह कुश्ती से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया। उन्होंने गुरुवार सुबह 5.17 बजे सोशल मीडिया (X) पर इसका ऐलान किया। विनेश ने 5 लाइनों की पोस्ट में लिखा- “मां कुश्ती मेरे से जीत गई, मैं हार गई। माफ करना आपका सपना, मेरी हिम्मत सब टूट चुके। इससे ज्यादा ताकत नहीं रही अब। अलविदा कुश्ती 2001-2024, आप सबकी हमेशा ऋणी रहूंगी। …माफी।” विनेश के ससुर ने कहा राजनीति हो रही
विनेश के ओलिंपिक से डिसक्वालीफाई होने पर ससुर राजपाल राठी ने कहा कि हमें जैसे ही यह सूचना मिली दिल बैठ गया। आंखों में पानी आ गया। इतना दुख है कि किसी को बयान नहीं कर पा रहे हैं। विनेश के साथ राजनीति की जा रही है। कुछ लोग शुरू से ही उसके पीछे लगे हुए हैं कि कैसे उसको हराया जाए। विनेश को मैट पर नहीं हरा पाए तो राजनीति करके नीचे लाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर वजन 100 ग्राम ज्यादा था तो 10 मिनट का समय देते वह अपने बाल कटवा देती 100 ग्राम तो वहां कम हो जाता, लेकिन यह षड्यंत्र के माध्यम से किया जा रहा है। बेटी ने जिंदगी भर इस पल के लिए मेहनत की। उसको इस गंदे तरीके से साजिश कर बाहर किया जा रहा है। हुड्डा बोले- विनेश को राज्यसभा भेजते, ताऊ महावीर फोगाट ने किया पलटवार
पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा ने कहा, ‘कांग्रेस के पास विधायकों की संख्या पूरी होती तो विनेश को राज्यसभा भेजते। सरकार को गोल्ड विजेता वाला सम्मान देना चाहिए। इस पर विनेश के ताऊ महाबीर फोगाट ने कहा कि गीता को इंस्पेक्टर व बबीता को सब इंस्पेक्टर बनाया था। हमने लड़ाई लड़ी और डीएसपी बनवाया। अब विनेश को क्या राज्यसभा भेजेंगे। इनेलो नेता अभय चौटाला ने कहा कि जब नीरज चोपड़ा ने गोल्ड जीता, तब बेटे के बजाय नीरज को राज्यसभा क्यों नहीं भेजा? हमारी सरकार बनी तो विनेश को 7 करोड़ रुपए व कुश्ती अकेडमी के लिए प्लॉट देंगे। जजपा नेता दुष्यंत चौटाला ने कहा कि सभी विधायक मिलकर विनेश को राज्यसभा भेजें। दुष्यंत चौटाला बोले- सभी 90 विधायक विनेश को राज्यसभा भेजें
वहीं हरियाणा के पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने कहा कि सभी 90 विधायकों को एक जुट होकर विनेश फोगाट को राज्यसभा में भेजना चाहिए। कल से जो घटना क्रम हमारी बहन विनेश फोगाट के साथ हुआ, उसके बाद पूरे देश में दुख का माहौल है कि हमारा एक मेडल हम से रह गया। मैं तो सब 90 विधायकों से आग्रह करूंगा कि हम सबको मिलकर उसको ये सम्मान देना चाहिए कि देश की राज्यसभा में हम उसको भेज सकें। ये खिलाड़ियों का भी सम्मान होगा, ये बेटियों का भी सम्मान होगा। जो सम्मान एक मेडल जीतने का आना था, वो हमारी बहन को हम देश की सबसे बड़ी पंचायत में भेज तो वो सम्मान मिलेगा। विनेश फोगाट से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें…
उधर, जेवलिन में सिल्वर मेडल जीतने वाले नीरज चोपड़ा ने विनेश फोगाट के बारे में कहा- ” विनेश ने जो भी किया है, वह अपने आप में मिसाल है। युई सुसाकी को हराना अपने आप में बहुत बड़ी बात है। मुझे रूल पता नहीं है रेसलिंग के, लेकिन वह गोल्ड की तरफ बहुत अच्छे से बढ़ रही थीं।” नीरज ने आगे कहा- ”सुबह जब मैं खाना खा रहा था, तब मुझे पता चला कि वेट की कुछ प्रॉब्लम हुई है। मुझे बहुत दुख हुआ। विनेश की जर्नी के बारे में हम सबको पता है। 2016 में उन्हें इंजरी हुई। इसके अलावा उनका पर्सनल भी बहुत कुछ चल रहा था। इसके बाद सबसे उबर कर आना, मेंटली स्ट्रॉन्ग होकर खेलना और यहां तक पहुंचना, सब कुछ बहुत अच्छा जा रहा था, लेकिन भगवान को कुछ और ही मंजूर था। हम सब जानते हैं कि उन्होंने जो कुछ किया है, जबरदस्त किया है। उसे कोई झुठला नहीं सकता।” खेल कोर्ट और विनेश के वकील से जुड़ी अहम जानकारियां पढ़ें… विनेश फोगाट मामले में अब तक क्या हुआ, सिलसिलेवार ढंग से पढ़ें… 1. ओलिंपिक के फाइनल में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला रेसलर
विनेश फोगाट ने 50 किग्रा वेट कैटेगरी में मंगलवार को 3 मैच खेले। प्री-क्वार्टर फाइनल में उन्होंने टोक्यो ओलिंपिक की चैंपियन यूई सुसाकी को हरा दिया। क्वार्टर फाइनल में उन्होंने यूक्रेन और सेमीफाइनल में क्यूबा की रेसलर को पटखनी दी। विनेश फाइनल में पहुंचने वालीं पहली ही भारतीय महिला रेसलर बनीं थीं। सेमीफाइनल तक 3 मैच खेलने के बाद उन्हें प्रोटीन और एनर्जी के लिए खाना खिलाया गया, जिससे उनका वजन 52.700 किग्रा तक बढ़ गया। 2. विनेश का वजन 2.7 किलो ज्यादा था
भारतीय ओलिंपिक टीम के डॉक्टर डॉक्टर दिनशॉ पारदीवाला के मुताबिक विनेश का वेट वापस 50KG पर लाने के लिए टीम के पास सिर्फ 12 घंटे थे। पूरी टीम रातभर विनेश का वजन कम करने की कोशिश में लगी रही। विनेश पूरी रात नहीं सोईं और वजन को तय कैटेगरी में लाने के लिए जॉगिंग, स्किपिंग और साइकिलिंग जैसी एक्सरसाइज करती रहीं। विनेश ने अपने बाल और नाखून तक काट दिए थे। उनके कपड़े भी छोटे कर दिए गए थे। 3. वजन घटाने को सिर्फ 15 मिनट मिले, 100 ग्राम ज्यादा था
बुधवार सुबह दोबारा से विनेश के वजन की जांच की गई। इसके बाद नियमानुसार सिर्फ 15 मिनट मिले, लेकिन इतने कम समय में विनेश का वजन घटाकर 50KG तक नहीं लाया जा सका। लास्ट में जब वेट किया गया तो विनेश का वजन तय सीमा से 100 ग्राम अधिक निकला। 4. डिस्क्वालिफिकेशन के बाद बीमार हुईं विनेश
इंडियन टीम के चीफ मेडिकल ऑफिसर डॉ. दिनशॉ पारदीवाला ने बताया ओलिंपिक कमेटी के फैसले के बाद विनेश को कमजोरी महसूस हुई। पानी की कमी हुई, जिसके बाद उनका ब्लड टेस्ट किया गया। लोकल ओलिंपिक हॉस्पिटल में उनका इलाज किया जा रहा है। वेट कम करने के दौरान विनेश नॉर्मल थीं, लेकिन नतीजे के बाद वह बीमार पड़ गईं। 5. PM मोदी ने कहा- इंडियन ओलिंपिक एसोसिएशन कड़ा विरोध दर्ज करे
PM नरेंद्र मोदी ने IOA प्रेसिडेंट पी टी ऊषा से बात की और विनेश फोगाट मामले की पूरी जानकारी ली है। इस मामले में हर विकल्प आजमाने और समाधान के प्रयास के साथ साथ PM ने पीटी ऊषा से विनेश फोगाट मामले में भारत का कड़ा विरोध दर्ज कराने को भी कहा। इंडियन ओलिंपिक एसोसिएशन के प्रधान पीटी ऊषा विनेश से मिलीं। केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया ने विनेश को लेकर संसद में बयान दिया। 6. खेल मंत्री बोले- कोच हमेशा साथ रहता है
खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने कहा- कोच साथ रहता है। फिजियो अश्विनी पाटिल हमेशा साथ रहते हैं। अतिरिक्त सहायक स्टाफ भी रहता है। इन्हें 70 लाख की सहायता दी गई है। स्पेन के मेड्रिड, फ्रांस में प्रशिक्षण के लिए वित्तीय सहायता दी गई है। हंगरी में 4 दिन तक इंटरनेशनल प्रशिक्षण के लिए स्टाफ को वित्तीय सहायता दी गई है। 7. डिस्क्वालिफिकेशन के खिलाफ अपील भी की
विनेश ने संन्यास के ऐलान से पहले बुधवार रात अपने डिस्क्वालिफिकेशन के खिलाफ अपील दायर की है। उन्होंने कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स से मांग की कि उन्हें संयुक्त रूप से सिल्वर मेडल दिया जाए। विनेश ने पहले फाइनल खेलने की मांग भी की थी। फिर उन्होंने अपील बदली और अब संयुक्त रूप से सिल्वर दिए जाने की मांग की। 8. विनेश ने लिया संन्यास, सोशल मीडिया पर डाली पोस्ट
विनेश ने गुरुवार सुबह कुश्ती से संन्यास लेने का ऐलान कर दिया। उन्होंने गुरुवार सुबह 5.17 बजे सोशल मीडिया (X) पर इसका ऐलान किया। विनेश ने 5 लाइनों की पोस्ट में लिखा- “मां कुश्ती मेरे से जीत गई, मैं हार गई। माफ करना आपका सपना, मेरी हिम्मत सब टूट चुके। इससे ज्यादा ताकत नहीं रही अब। अलविदा कुश्ती 2001-2024, आप सबकी हमेशा ऋणी रहूंगी। …माफी।” विनेश के ससुर ने कहा राजनीति हो रही
विनेश के ओलिंपिक से डिसक्वालीफाई होने पर ससुर राजपाल राठी ने कहा कि हमें जैसे ही यह सूचना मिली दिल बैठ गया। आंखों में पानी आ गया। इतना दुख है कि किसी को बयान नहीं कर पा रहे हैं। विनेश के साथ राजनीति की जा रही है। कुछ लोग शुरू से ही उसके पीछे लगे हुए हैं कि कैसे उसको हराया जाए। विनेश को मैट पर नहीं हरा पाए तो राजनीति करके नीचे लाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अगर वजन 100 ग्राम ज्यादा था तो 10 मिनट का समय देते वह अपने बाल कटवा देती 100 ग्राम तो वहां कम हो जाता, लेकिन यह षड्यंत्र के माध्यम से किया जा रहा है। बेटी ने जिंदगी भर इस पल के लिए मेहनत की। उसको इस गंदे तरीके से साजिश कर बाहर किया जा रहा है। हुड्डा बोले- विनेश को राज्यसभा भेजते, ताऊ महावीर फोगाट ने किया पलटवार
पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा ने कहा, ‘कांग्रेस के पास विधायकों की संख्या पूरी होती तो विनेश को राज्यसभा भेजते। सरकार को गोल्ड विजेता वाला सम्मान देना चाहिए। इस पर विनेश के ताऊ महाबीर फोगाट ने कहा कि गीता को इंस्पेक्टर व बबीता को सब इंस्पेक्टर बनाया था। हमने लड़ाई लड़ी और डीएसपी बनवाया। अब विनेश को क्या राज्यसभा भेजेंगे। इनेलो नेता अभय चौटाला ने कहा कि जब नीरज चोपड़ा ने गोल्ड जीता, तब बेटे के बजाय नीरज को राज्यसभा क्यों नहीं भेजा? हमारी सरकार बनी तो विनेश को 7 करोड़ रुपए व कुश्ती अकेडमी के लिए प्लॉट देंगे। जजपा नेता दुष्यंत चौटाला ने कहा कि सभी विधायक मिलकर विनेश को राज्यसभा भेजें। दुष्यंत चौटाला बोले- सभी 90 विधायक विनेश को राज्यसभा भेजें
वहीं हरियाणा के पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने कहा कि सभी 90 विधायकों को एक जुट होकर विनेश फोगाट को राज्यसभा में भेजना चाहिए। कल से जो घटना क्रम हमारी बहन विनेश फोगाट के साथ हुआ, उसके बाद पूरे देश में दुख का माहौल है कि हमारा एक मेडल हम से रह गया। मैं तो सब 90 विधायकों से आग्रह करूंगा कि हम सबको मिलकर उसको ये सम्मान देना चाहिए कि देश की राज्यसभा में हम उसको भेज सकें। ये खिलाड़ियों का भी सम्मान होगा, ये बेटियों का भी सम्मान होगा। जो सम्मान एक मेडल जीतने का आना था, वो हमारी बहन को हम देश की सबसे बड़ी पंचायत में भेज तो वो सम्मान मिलेगा। विनेश फोगाट से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें…