आज शायद ही कोई ऐसा किचन हो, जहां खाना बनाने के लिए प्रेशर कुकर का इस्तेमाल न होता हो। खाना पकाने के पारंपरिक तरीकों की तुलना में प्रेशर कुकर में खाना बनाने से समय और ईंधन की बचत होती है। हालांकि प्रेशर कुकर का इस्तेमाल करते हुए बहुत सावधानी बरतनी चाहिए। कई बार यह किसी बम की तरह विस्फोटक और जानलेवा भी हो सकता है। हाल ही में उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती जिले में प्रेशर कुकर में ब्लास्ट होने से एक 11 वर्षीय बच्ची घायल हो गई। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक प्रेशर कुकर में दाल बन रही थी। जब बच्ची गैस चूल्हे का रेगुलेटर बंद करने पहुंची तो अचानक प्रेशर कुकर फट गया। कुकर का एक टुकड़ा बच्ची के चेहरे पर लगा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। प्रेशर कुकर फटने का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी प्रेशर कुकर फटने की खबरें सामने आई हैं। जुलाई, 2023 में जयपुर में प्रेशर कुकर फटने से एक महिला की मौत हो गई थी। कुकर के ब्लास्ट की आवाज इतनी तेज थी कि करीब 200 मीटर तक इसकी आवाज सुनाई दी। इसलिए प्रेशर कुकर में खाना पकाते समय सतर्क और सावधान रहने की जरूरत है। जरा सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। इसलिए आज जरूरत की खबर में बात करेंगे कि प्रेशर कुकर में खाना बनाते समय क्या सावधानियां बरतें। साथ ही जानेंगे कि- आगे बढ़ने से पहले यह जान लेते हैं कि प्रेशर कुकर खाना पकाने के अन्य तरीकों से कितना अलग है। इसमें खाना कैसे पकता है? प्रेशर कुकर में खाना जल्दी पकने की वजह भाप का बाहर नहीं निकल पाना है। आग की गर्मी की वजह से जैसे-जैसे पानी का क्वथनांक यानी बॉइलिंग प्वाइंट बढ़ता है, वैसे कुकर के अंदर का दबाव या प्रेशर भी बढ़ता जाता है। यही भाप कुकर में मौजूद फूड पर धीरे-धीरे दबाव बढ़ाती है, जिससे वह जल्दी पक जाता है। सवाल- प्रेशर कुकर में ब्लास्ट होने का क्या कारण है? जवाब- प्रेशर कुकर फटने के कई कारण हो सकते हैं, जिनमें कुकर का बहुत ज्यादा गर्म होना, सीटी का खराब होना या रबर का सही तरीके से न लगा होना शामिल है। इसके अलावा कुकर बनाने वाली कंपनी द्वारा खराब क्वालिटी के एल्युमिनियम और स्टेनलेस स्टील का इस्तेमाल करना या खाना बनाते समय लापरवाही बरतना भी प्रेशर कुकर फटने की बड़ी वजहों में से एक है। नीचे दिए ग्राफिक से समझिए कि प्रेशर कुकर के फटने के मुख्य कारण क्या हैं। सवाल- प्रेशर कुकर में ब्लास्ट न हो, इसके लिए क्या सावधानियां बरतनी चाहिए? जवाब- प्रेशर कुकर किचन का एक ऐसा बर्तन होता है, जो खाना पकाने के प्रोसेस को बेहद आसान बनाता है। इसके अलावा प्रेशर कुकर में खाना पकाने से गैस की भी बचत होती है। लेकिन कुकर में खाना बनाते समय सेफ्टी का ध्यान रखना बेहद जरूरी है क्योंकि कुकर फटने के अधिकांश मामलों में लोगों की लापरवाही ही प्रमुख वजह होती है। नीचे दिए ग्राफिक से इसे समझिए। आइए, ग्राफिक में दिए पॉइंट्स को विस्तार से समझते हैं। कुकर को पूरा मुंह तक न भरें प्रेशर कुकर को कभी भी 75% से ज्यादा नहीं भरना चाहिए। इससे ज्यादा भरने से कुकर के ढक्कन में लगे छेद बंद हो सकते हैं। इसके अलावा बीन्स, चावल, पास्ता जैसी चीजें पकने के बाद फूलती हैं। इसलिए इन्हें बनाते समय केवल आधा ही भरें। बिना लिक्विड के न पकाएं खाना प्रेशर कुकर ज्यादा दबाव में भाप का इस्तेमाल करके खाना पकाने के लिए बनाया गया है। प्रेशर कुकर में पानी या किसी अन्य लिक्विड के बिना खाना नहीं पकाना चाहिए क्योंकि बिना लिक्विड के भाप नहीं बन सकती है। कुकर में पर्याप्त भाप बनाने के लिए कम से कम आधा कप लिक्विड या पानी जरूर डालें। भरोसेमंद ब्रांड का प्रेशर कुकर ही खरीदें प्रेशर कुकर कई साल तक चलता है। इसलिए खरीदारी करते समय सावधानी बरतें। हमेशा प्रेशर कुकर की मटेरियल क्वालिटी जरूर चेक करें। देश में प्रेशर कुकर बनाने वाली कई ऐसी कंपनियां हैं, जो काफी पॉपुलर हैं। लोकल ब्रांड के प्रेशर कुकर खरीदने से बचना चाहिए। सीटी और सेफ्टी वॉल्व की सफाई का ध्यान रखें खाना पकाने के बाद कई बार प्रेशर कुकर की सीटी में खाने का कचरा जमा हो जाता है, जिससे सीटी बंद हो सकती है। इसलिए खाना पकाने के बाद सीटी, सेफ्टी वॉल्व और वेंट पाइप (रबर) को अच्छे से साफ करें। प्रेशर कुकर गैस पर रखकर न भूलें प्रेशर कुकर के फटने का एक बड़ा कारण लापरवाही है। लोग गैस चूल्हे पर रखने के बाद कुकर की निगरानी नहीं करते हैं। ध्यान रखें कि कई बार चावल या दाल जैसी चीजें कुकर की सीटी में फंस जाती हैं, जिससे सीटी नहीं आती है। ऐसी स्थिति में ज्यादा दबाव पड़ने से कुकर फट सकता है। इसलिए गैस पर रखने के कुछ देर बाद (ज्यादा से ज्यादा 5 से 8 मिनट) अगर सीटी नहीं आ रही है तो गैस तुरंत बंद कर दें। कुछ देर बाद कुकर को खोलकर चेक करें। कुकर जबरदस्ती खोलने की कोशिश न करें खाना पकने के बाद गैस से भरे प्रेशर कुकर को ठंडा होने में समय लगता है। इसलिए जबरदस्ती कुकर खोलने की कोशिश न करें। ऐसा करना हादसे का कारण बन सकता है। साथ ही कुकर को खोलते समय चेहरे और हाथ को उसके दूर रखें क्योंकि भाप की वजह से हाथ और चेहरा जल सकता है।