बांग्लादेश में शेख हसीना के इस्तीफे के बाद आज अंतरिम सरकार का गठन होगा। 15 सदस्यीय इस सरकार का नेतृत्व नोबेल प्राइज विजेता मुहम्मद यूनुस करेंगे। रात 8:30 बजे सरकार का शपथ ग्रहण समारोह होगा। यूनुस आज दोपहर 2 बजकर 40 मिनट पर पेरिस से बांग्लादेश पहुंचेंगे। ढाका ट्रिब्यून के मुताबिक, शपथ समारोह में करीब 400 लोग शामिल होंगे। बांग्लादेश के आर्मी चीफ वकार-उज-रहमान ने बुधवार को शपथ ग्रहण से जुड़ी जानकारी साझा की थी। उधर, बुधवार (7 अगस्त) को भारत-बांग्लादेश बॉर्डर के पास घुसपैठ कर रहे करीब 500 बांग्लादेशियों को BSF के जवानों ने जलपाईगुड़ी के पास रोक दिया। नॉर्थ बंगाल फ्रंटियर के मुताबिक ये लोग बांग्लादेश में प्रदर्शनकारियों के हमलों के डर से इकट्ठा हुए थे। BSF और बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश ने इन लोगों से बात की, जिसके बाद ये सभी लौट गए। बांग्लादेश से लगी अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बीएसएफ हाई अलर्ट पर है। चीफ एडवाइजर बनने के बाद मो. यूनुस का पहला बयान… “मैं बहादुर छात्रों को देश को दूसरा विक्ट्री डे देने पर बधाई देता हूं। हमें इस जीत का सही इस्तेमाल करना है। मैं सभी से शांत रहने और हिंसा न करने की अपील करता हूं। हमें साथ मिलकर देश को आगे बढ़ाना है।” सेंट्रल जेल से भागे 209 कैदी
वहीं बांग्लादेश के गाजीपुर में काशिमपुर सेंट्रल जेल से 209 कैदी फरार हो गए हैं। ढाका ट्रिब्यून के मुताबिक, उन्होंने सुरक्षाकर्मियों को बंधक बना लिया था। इस बीच मुठभेड़ में 6 लोगों की मौत हो गई। इनमें 3 आतंकवादी शामिल हैं। घटना मंगलवार (6 अगस्त) की है जिसकी जानकारी अब सामने आई है। इससे पहले द हिंदू ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया है कि लंदन में पनाह न मिलने के बाद शेख हसीना UAE, सऊदी अरब या फिनलैंड जा सकती हैं। दरअसल, पहले उनके लंदन जाने की अटकलें लगाई जा रही थीं। इस बीच ब्रिटेन की सरकार ने ऐसे संकेत दिए हैं कि ब्रिटेन पहुंचने पर उनके खिलाफ बांग्लादेश के प्रदर्शनों के चलते कानूनी कार्रवाई हो सकती है। इसके बाद उन्हें भारत में एक सेफ हाउस में शिफ्ट कर दिया गया था। हसीना के बेटे वाजेद जॉय ने कहा था कि उन्होंने किसी दूसरे देश से पनाह नहीं मांगी है। हसीना अभी भारत में ही रहेंगी। हिंसा के बीच बांग्लादेश में हसीना की पार्टी अवामी लीग और उनके सहयोगी दलों से जुड़े करीब 29 नेताओं की हत्या कर दी गई। भारतीय दूतावास के 190 कर्मचारी लौटे
बांग्लादेश में सुरक्षा कारणों के चलते वहां से भारतीय दूतावास के 190 कर्मचारियों को निकाला गया है। वहीं हसीना की सरकार गिरने के बाद बांग्लादेश के रिजर्व बैंक के 6 टॉप अधिकारियों के भी इस्तीफे लिए गए। बांग्लादेश बैंक के डिप्टी गवर्नर ने दावा किया कि उनसे एक कोरे कागज पर जबरन साइन करवाकर इस्तीफा लिया गया है। इसके अलावा देश की सबसे बड़ी सिक्योरिटी एजेंसियों में से एक रैपिड एक्शन बटालियन के चीफ को भी बदल दिया गया। बांग्लादेश में हुए हिंसक प्रदर्शन से बीते 15 दिनों में 75 हजार करोड़ टका (54 हजार करोड़ रुपए) का नुकसान हुआ है। इसमें टेक्सटाइल इंडस्ट्री को सबसे ज्यादा 20 हजार करोड़ टका (14.3 हजार करोड़ रुपए) का नुकसान हुआ है। हिंसा के बीच मिलिट्री विमान से भारत आई थीं हसीना
बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना 5 अगस्त की शाम C-130 ट्रांसपोर्ट विमान से हिंडन एयर बेस पहुंची थीं। यह विमान भारतीय वायु सेना के C-17 और C-130J सुपर हरक्यूलिस विमान हैंगर के पास खड़ा किया गया। भारतीय हवाई क्षेत्र में प्रवेश से लेकर गाजियाबाद में हिंडन एयर बेस पर लैंडिंग तक विमान की गतिविधि को भारतीय वायु सेना और सुरक्षा एजेंसियों ने मॉनिटर किया। यहां पहुंचने के बाद लगभग शाम 7:30 बजे भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने उनसे मुलाकात की थी।
वहीं बांग्लादेश के गाजीपुर में काशिमपुर सेंट्रल जेल से 209 कैदी फरार हो गए हैं। ढाका ट्रिब्यून के मुताबिक, उन्होंने सुरक्षाकर्मियों को बंधक बना लिया था। इस बीच मुठभेड़ में 6 लोगों की मौत हो गई। इनमें 3 आतंकवादी शामिल हैं। घटना मंगलवार (6 अगस्त) की है जिसकी जानकारी अब सामने आई है। इससे पहले द हिंदू ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया है कि लंदन में पनाह न मिलने के बाद शेख हसीना UAE, सऊदी अरब या फिनलैंड जा सकती हैं। दरअसल, पहले उनके लंदन जाने की अटकलें लगाई जा रही थीं। इस बीच ब्रिटेन की सरकार ने ऐसे संकेत दिए हैं कि ब्रिटेन पहुंचने पर उनके खिलाफ बांग्लादेश के प्रदर्शनों के चलते कानूनी कार्रवाई हो सकती है। इसके बाद उन्हें भारत में एक सेफ हाउस में शिफ्ट कर दिया गया था। हसीना के बेटे वाजेद जॉय ने कहा था कि उन्होंने किसी दूसरे देश से पनाह नहीं मांगी है। हसीना अभी भारत में ही रहेंगी। हिंसा के बीच बांग्लादेश में हसीना की पार्टी अवामी लीग और उनके सहयोगी दलों से जुड़े करीब 29 नेताओं की हत्या कर दी गई। भारतीय दूतावास के 190 कर्मचारी लौटे
बांग्लादेश में सुरक्षा कारणों के चलते वहां से भारतीय दूतावास के 190 कर्मचारियों को निकाला गया है। वहीं हसीना की सरकार गिरने के बाद बांग्लादेश के रिजर्व बैंक के 6 टॉप अधिकारियों के भी इस्तीफे लिए गए। बांग्लादेश बैंक के डिप्टी गवर्नर ने दावा किया कि उनसे एक कोरे कागज पर जबरन साइन करवाकर इस्तीफा लिया गया है। इसके अलावा देश की सबसे बड़ी सिक्योरिटी एजेंसियों में से एक रैपिड एक्शन बटालियन के चीफ को भी बदल दिया गया। बांग्लादेश में हुए हिंसक प्रदर्शन से बीते 15 दिनों में 75 हजार करोड़ टका (54 हजार करोड़ रुपए) का नुकसान हुआ है। इसमें टेक्सटाइल इंडस्ट्री को सबसे ज्यादा 20 हजार करोड़ टका (14.3 हजार करोड़ रुपए) का नुकसान हुआ है। हिंसा के बीच मिलिट्री विमान से भारत आई थीं हसीना
बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना 5 अगस्त की शाम C-130 ट्रांसपोर्ट विमान से हिंडन एयर बेस पहुंची थीं। यह विमान भारतीय वायु सेना के C-17 और C-130J सुपर हरक्यूलिस विमान हैंगर के पास खड़ा किया गया। भारतीय हवाई क्षेत्र में प्रवेश से लेकर गाजियाबाद में हिंडन एयर बेस पर लैंडिंग तक विमान की गतिविधि को भारतीय वायु सेना और सुरक्षा एजेंसियों ने मॉनिटर किया। यहां पहुंचने के बाद लगभग शाम 7:30 बजे भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने उनसे मुलाकात की थी।