शूटिंग के बाद रोज रंजीत के घर होती थी पार्टी:एक्टर बोले- रीना रॉय पराठे, परवीन बॉबी ड्रिंक बनाती थीं, तब अमिताभ पीते थे

इंडियन सिनेमा के फेमस विलेन रंजीत फिल्मों में जितना खूंखार दिखते हैं, असल जिंदगी में इसके बिल्कुल ही विपरीत हैं। उन्होंने ना तो कभी ड्रिंक किया और ना ही कभी नॉनवेज खाया। हाल ही में बातचीत के दौरान रंजीत ने अपने घर पर रोज होने वाली पार्टियों का जिक्र किया। रंजीत ने कहा- उन दिनों क्लब का फैशन नहीं था। शूटिंग के बाद जब पैकअप होता था। सभी मेरे घर पार्टी के लिए आ जाते थे। मेरे मां- बाप दिल्ली में रहते थे। घर में 5-6 नौकर रहते थे। उस समय काम बहुत अच्छा चलता था। शाम को बोतलें खुलती थीं। एक ही छत के नीचे सभी इकट्ठे होते थे, मुझे अच्छा लगता था। मौसमी चटर्जी मछली बनाती थीं। रीना रॉय पराठे बनाती थीं। परवीन बॉबी ड्रिंक्स बनाती थीं। संजीव कुमार, शत्रुघ्न सिन्हा, धरम जी, राजेश खन्ना, अमिताभ बच्चन, विनोद खन्ना, फिरोज खान सब बैठते थे। सबका अपना-अपना ब्रांड होता था। उन दिनों अमिताभ भी पीते थे। एक साथ सब लोग मिलते तो थे, लेकिन सबका अपना-अपना ईगो राहत था। कोई फिल्मों के बॉक्स ऑफिस कलेक्शन की बात करता था, तो कुछ लोग आपस में गर्लफ्रेंड के बारे में बातें करते थे। एक बार विनोद खन्ना पूरी तरह से नशे धुत थे। मैं उनको घर छोड़ने गया। उनको घर छोड़कर जब वापस लौट रहा था। विनोद बोले कि अब तू अकेला कैसे जाएगा? मैं तुझे छोड़ने चलूंगा। उस समय ड्रिंक एंड ड्राइव वाला कोई चक्कर नहीं था। रात भर यही चलता रहा कि मैं उनको घर छोड़ने जाता था और वो मुझे वापस घर छोड़ने आते थे। ऐसे भी सबंध होते थे। रंजीत ने कहा- मैं तो नाम का विलेन हूं। विलेन वाली हरकतें कभी नहीं रही। मैंने कभी ड्रिंक नहीं किया, नॉनवेज का तो आज तक टेस्ट नहीं पता। सुनील दत्त साहब से जब कहता था कि मैं वेजिटेरियन हूं तो वो कहते थे कि पागल है तूं, बकरा भी तो वेजिटेरियन होता है। दत्त साहब से मेरे बहुत ही आत्मीय संबंध रहे थे।