कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में 9 अगस्त को हुए ट्रेनी डॉक्टर के रेप-मर्डर केस में थोड़ी देर में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी। मामला चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ और जस्टिस जेबी पारदीवाला और मनोज मिश्रा की बेंच में सुनवाई के लिए लिस्टेड है। 22 अगस्त को हुई पिछली सुनवाई में CBI ने कोर्ट में कहा था कि क्राइम सीन से छेड़छाड़ हुई है। इस पर जस्टिस जेबी पारदीवाला ने कहा- कोलकाता पुलिस की भूमिका पर संदेह है। जांच में ऐसी लापरवाही अपने 30 साल के करियर में नहीं देखी। इस बीच केंद्र सरकार ने 3 सितंबर को पश्चिम बंगाल सरकार के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अवमानना की याचिका लगाई थी। केंद्र का आरोप है कि बंगाल सरकार आरजी कर अस्पताल की सुरक्षा में तैनात CISF जवानों को परिवहन और आवास की सुविधा उपलब्ध नहीं करा रही है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर 21 अगस्त को CISF के 92 जवान आरजी कर की सुरक्षा में तैनात किए गए हैं। इनमें 54 महिलाएं भी हैं। इन्हें अपने हथियार रखने की भी जगह नहीं मिली है। केंद्र सरकार के अनुरोध के बाद भी बंगाल सरकार कोई एक्शन नहीं ले रही। CJI ने प्रदर्शनकारी डॉक्टरों से हड़ताल खत्म करने की अपील की थी
22 अगस्त की सुनवाई में CJI ने देशभर में प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों से काम पर लौट आने की अपील की थी। उन्होंने कहा था कि अस्पतालों की स्थिति जानता हूं। मैं खुद एक सरकारी अस्पताल के फर्श पर सोया हूं, जब मेरे परिवार का एक सदस्य बीमार था। वापस आने के बाद आप पर कोई एक्शन नहीं लिया जाएगा CJI ने कहा कि हमें बताया गया कि डॉक्टर काम पर वापस जाने के लिए तैयार हैं। राज्य सरकारें डॉक्टरों के लिए कुछ सुरक्षा इंतजाम कर सकती हैं। हम केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय निर्देश देते हैं कि वे राज्य के मुख्य सचिवों और DGP के साथ मिलकर सुरक्षा सुनिश्चित करें। यह एक्सरसाइज 1 हफ्ते में पूरी हो जानी चाहिए। राज्य 2 हफ्ते के अंदर इसे लागू करें। सुप्रीम कोर्ट ने कहा- एक और रेप का इंतजार नहीं कर सकते
इससे पहले सुप्रीम कोर्ट में चीफ जस्टिस (CJI) डीवाई चंद्रचूड़, जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस मनोज मिश्रा की बेंच ने 20 अगस्त को इस मामले की सुनवाई की थी। सुनवाई के दौरान CJI ने कहा- व्यवस्था में सुधार के लिए हम और एक रेप का इंतजार नहीं कर सकते। डॉक्टर्स की सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए टास्क फोर्स बना रहे हैं, इसमें 9 डॉक्टर्स को शामिल किया गया है, जो मेडिकल प्रोफेशनल्स की सुरक्षा, वर्किंग कंडीशन और उनकी बेहतरी के उपायों की सिफारिश करेगी। टास्क फोर्स में केंद्र सरकार के पांच अधिकारी भी शामिल किए गए हैं। पूरी खबर पढ़ें… ये खबरें भी पढ़ें… कोलकाता रेप-मर्डर, गवर्नर का ममता को निर्देश:कैबिनेट मीटिंग बुलाएं, पुलिस कमिश्नर को हटाएं, सरकार जिम्मेदारियों से बच नहीं सकती कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में ट्रेनी डॉक्टर से रेप-मर्डर और भ्रष्टाचार मामले को लेकर पश्चिम बंगाल के गवर्नर सीवी आनंद बोस ने ममता सरकार को कैबिनेट की इमरजेंसी बैठक बुलाने के निर्देश दिए हैं। गवर्नर ने कहा है कि राज्य की जनता पुलिस कमिश्नर के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रही है। ममता सरकार को तुंरत कैबिनेट मीटिंग बुलाकर कमिश्नर वीनीत गोयल को बर्खास्त करना चाहिए। पूरी खबर यहां पढ़ें… कोर्ट बोला-क्या कोलकाता रेप-मर्डर के आरोपी को जमानत दे दें:सरकारी वकील 40 मिनट लेट पहुंचे, जज नाराज; CBI के जांच अधिकारी भी नदारद कोलकाता की सियालदह कोर्ट ने शुक्रवार (6 सितंबर) को आरजी कर रेप-मर्डर केस के आरोपी संजय रॉय की जमानत याचिका खारिज कर दी। उसे 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा। संजय पर ट्रेनी डॉक्टर के रेप-मर्डर का आरोप है। उसे 9 अगस्त को घटना वाले दिन की गिरफ्तार किया गया था। कोर्ट में चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट पामेला गुप्ता ने सुनवाई की। संजय का केस कविता सरकार लड़ रही हैं। एडवोकेट दीपक पोरिया बंगाल सरकार की तरफ से हैं। सुनवाई के दौरान मजिस्ट्रेट गुप्ता ने कहा- क्या मुझे कोलकाता रेप-मर्डर के आरोपी को जमानत देनी चाहिए। पूरी खबर यहां पढ़ें…
22 अगस्त की सुनवाई में CJI ने देशभर में प्रदर्शन कर रहे डॉक्टरों से काम पर लौट आने की अपील की थी। उन्होंने कहा था कि अस्पतालों की स्थिति जानता हूं। मैं खुद एक सरकारी अस्पताल के फर्श पर सोया हूं, जब मेरे परिवार का एक सदस्य बीमार था। वापस आने के बाद आप पर कोई एक्शन नहीं लिया जाएगा CJI ने कहा कि हमें बताया गया कि डॉक्टर काम पर वापस जाने के लिए तैयार हैं। राज्य सरकारें डॉक्टरों के लिए कुछ सुरक्षा इंतजाम कर सकती हैं। हम केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय निर्देश देते हैं कि वे राज्य के मुख्य सचिवों और DGP के साथ मिलकर सुरक्षा सुनिश्चित करें। यह एक्सरसाइज 1 हफ्ते में पूरी हो जानी चाहिए। राज्य 2 हफ्ते के अंदर इसे लागू करें। सुप्रीम कोर्ट ने कहा- एक और रेप का इंतजार नहीं कर सकते
इससे पहले सुप्रीम कोर्ट में चीफ जस्टिस (CJI) डीवाई चंद्रचूड़, जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस मनोज मिश्रा की बेंच ने 20 अगस्त को इस मामले की सुनवाई की थी। सुनवाई के दौरान CJI ने कहा- व्यवस्था में सुधार के लिए हम और एक रेप का इंतजार नहीं कर सकते। डॉक्टर्स की सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने के लिए टास्क फोर्स बना रहे हैं, इसमें 9 डॉक्टर्स को शामिल किया गया है, जो मेडिकल प्रोफेशनल्स की सुरक्षा, वर्किंग कंडीशन और उनकी बेहतरी के उपायों की सिफारिश करेगी। टास्क फोर्स में केंद्र सरकार के पांच अधिकारी भी शामिल किए गए हैं। पूरी खबर पढ़ें… ये खबरें भी पढ़ें… कोलकाता रेप-मर्डर, गवर्नर का ममता को निर्देश:कैबिनेट मीटिंग बुलाएं, पुलिस कमिश्नर को हटाएं, सरकार जिम्मेदारियों से बच नहीं सकती कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में ट्रेनी डॉक्टर से रेप-मर्डर और भ्रष्टाचार मामले को लेकर पश्चिम बंगाल के गवर्नर सीवी आनंद बोस ने ममता सरकार को कैबिनेट की इमरजेंसी बैठक बुलाने के निर्देश दिए हैं। गवर्नर ने कहा है कि राज्य की जनता पुलिस कमिश्नर के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रही है। ममता सरकार को तुंरत कैबिनेट मीटिंग बुलाकर कमिश्नर वीनीत गोयल को बर्खास्त करना चाहिए। पूरी खबर यहां पढ़ें… कोर्ट बोला-क्या कोलकाता रेप-मर्डर के आरोपी को जमानत दे दें:सरकारी वकील 40 मिनट लेट पहुंचे, जज नाराज; CBI के जांच अधिकारी भी नदारद कोलकाता की सियालदह कोर्ट ने शुक्रवार (6 सितंबर) को आरजी कर रेप-मर्डर केस के आरोपी संजय रॉय की जमानत याचिका खारिज कर दी। उसे 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी में भेजा। संजय पर ट्रेनी डॉक्टर के रेप-मर्डर का आरोप है। उसे 9 अगस्त को घटना वाले दिन की गिरफ्तार किया गया था। कोर्ट में चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट पामेला गुप्ता ने सुनवाई की। संजय का केस कविता सरकार लड़ रही हैं। एडवोकेट दीपक पोरिया बंगाल सरकार की तरफ से हैं। सुनवाई के दौरान मजिस्ट्रेट गुप्ता ने कहा- क्या मुझे कोलकाता रेप-मर्डर के आरोपी को जमानत देनी चाहिए। पूरी खबर यहां पढ़ें…