अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर आज पंचकूला के रेड बिशप होटल में राज्य स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। यहां सीएम नायब सिंह सैनी विभिन्न श्रेणियों में महिला शक्ति को सम्मानित करेंगे। सरकार की ओर से सम्मानित होने वाली 50 महिलाओं में करनाल की शांता रंगा को सुषमा स्वराज पुरस्कार दिया जाएगा, जिसमें 5 लाख रुपए की राशि शामिल है। ओलंपियन पहलवान और जुलाना से कांग्रेस विधायक विनेश फोगाट का नाम भी इस सूची में शामिल है, जिन्हें खेल के क्षेत्र में सराहनीय उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया जाएगा। वहीं, हिसार की बाला वर्मा और जींद की रेखा रानी धीमान को इंदिरा गांधी महिला शक्ति पुरस्कार दिया जाएगा। हांसी की मीनू देवी को कल्पना चावला शौर्य पुरस्कार दिया जाना है। जबकि, अंबाला की कमलेश अरोड़ा को लाइफ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार दिया जाएगा। यहां पढ़िए और कितनी महिलाओं को मिलेगा सम्मान.. खेल में इन्हें मिलेगा सम्मान खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने पर भिवानी की सोनिका, जींद से कुसुम, झज्जर से मनु भाकर, फरीदाबाद से रिदम सांगवान, कुरुक्षेत्र से रमिता जिंदल, हिसार से अंतिम पंघाल, भिवानी से प्रीति पंवार, सिरसा से भजन कौर, चरखी दादरी से विनेश फौगाट, जींद से अंशु मलिक, रोहतक से रितिका हुड्डा, पानीपत से निशा दहिया, भिवानी से जैसमीन लंबोरिया, झज्जर से दीक्षा डागर, सोनीपत से किरण पहल, पंचकूला से रैजा ढिल्लो को सम्मानित किया जाएगा। सामाजिक क्षेत्र में ये महिलाएं होंगी सम्मानित सामाजिक क्षेत्र में कार्य करने पर रीता धीमान, बनारसी देवी, पूनम और डॉ. विनिता तोमर को सम्मानित किया जाएगा। महिला उद्यमी की कैटेगरी में जींद की पिंकी देवी और गुरुग्राम से साक्षी को सम्मानित किया। इसके अलावा आंगनवाड़ी वर्कर्स और राष्ट्रीय बालिका दिवस पर सम्मानित होने वाली बच्चियों को भी महिला दिवस पर सम्मानित किया जाएगा। सुषमा स्वराज की सहपाठी रही हैं रंगा समाजसेवी एडवोकेट शांता रंगा करनाल की रहने वाली हैं। रंगा 1980 में बुल्गारिया के सोफिया में और 1995 काठमांडू में विश्व शांति सम्मेलन में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। फ्रेंडशिप सोसाइटी की तरफ से ग्लोरी आफ इंडिया का अवॉर्ड भी मिल चुका है। शांता रंगा का जन्म 15 जून 1943 को हुआ था। उन्होंने पंजाब विश्वविद्यालय से कानून की पढ़ाई की। उनकी सहपाठी पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय सुषमा स्वराज थीं। उन्होंने बाल श्रम, कार्य स्थल पर महिला का यौन शोषण और बंधवा मजदूरी के खिलाफ आवाज उठाई। उन्होंने गरीबों के बीच जाकर उन्हें शिक्षा से जोड़ा। युवतियों को स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ाने का काम किया। मीनू कालीरामण को मिलेगा शौर्य अवॉर्ड नारनौंद डाटा गांव निवासी पर्वतारोही मीनू कालीरामणा को कल्पना चावला शौर्य अवॉर्ड से सम्मानित किया जाएगा। मीनू की जान को जोखिम में डालकर तिरंगा फहराने पर यह अवार्ड दिया जा रहा है। मीनू ने नवंबर 2024 में इसके लिए आवेदन किया था। मीनू ने विश्व की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट व माउंट ल्होत्से को एक साथ फतह किया था। 161 महिलाओं को परिवार से मिलवा चुकी हैं बाला वर्मा भाग्यश्री महिला आश्रम की संचालिका बाला वर्मा को इंदिरा गांधी महिला शक्ति अवार्ड मिला है। चंडीगढ़ में शनिवार को महिला दिवस नायब सिंह सैनी बाला को सम्मानित करेंगी। आश्रम में मानसिक रूप से दिव्यांग महिलाओं को बाला व उनके साथी संभाल रहे हैं। आजाद नगर स्थित गीता काॅलोनी में चल रहे इस आश्रम में ऐसी महिलाओं को पुलिस, प्रशासन की तरफ से रेस्क्यू कर छोड़ा जाता है। अभी तक वह 161 महिलाओं को परिवार से मिलवा चुकी हैं। दो पदक जीतने वाली एकलौती एथलीट हैं मनु हरियाणा के झज्जर की रहने वाली मनु भाकर एक ही ओलंपिक में दो पदक जीतने वाली इकलौती एथलीट हैं। 2018 के आईएसएसएफ वर्ल्ड कप में उन्होंने भारत के लिए दो स्वर्ण पदक जीते. इस प्रतिस्पर्धा में स्वर्ण जीतने वाली वे भारत की सबसे कम उम्र की महिला हैं। मनु ने महज 16 साल की उम्र में 2018 के राष्ट्रमंडल खेलों में एयर पिस्टल स्पर्धा में दो स्वर्ण पदक जीते हैं। 13 साल की उम्र से रिदम ने शुरू की शूटिंग 13 साल की उम्र में फरीदाबाद की रिदम सांगवान ने शूटिंग शुरू की। गोलियों की आवाजें और रितिक रोशन के स्टंट एक्शन उन्हें उत्साहित करती थीं। रिदम ने पहली चाहत टेनिस को छोड़कर शूटिंग को न केवल अपनाया बल्कि जीवन भी समर्पित कर दिया। इसके चलते महज 8 साल में रिदम के पास 56 मेडल है। इनमें एशियाई खेलों के गोल्ड मेडल सहित 32 अंतरराष्ट्रीय मेडल शामिल हैं।