SBI के बोर्ड ने फंड जुटाने की दी मंजूरी:वित्त-वर्ष 2025 में ₹25,073 करोड़ जुटाएगा बैंक, जनवरी में SBI ने ₹5,000 करोड़ जुटाए थे

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के बोर्ड ने वित्त वर्ष 2025 में लोन के माध्यम से 3 बिलियन डॉलर (25,073 करोड़ रुपए) तक जुटाने को मंजूरी दे दी है। देश के सबसे बड़े लेंडर SBI ने 11 जून (मंगलवार) को स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में इस बात की जानकारी दी। SBI ने कहा कि बैंक पब्लिक ऑफर या सीनियर सिक्योर्ड नोट्स के निजी प्लेसमेंट के माध्यम से एक या ज्यादा किस्तों में फंड जुटाएगा, जो अमेरिकी डॉलर या किसी अन्य प्रमुख विदेशी करेंसी में होगा। बैंक ने यह नहीं बताया कि फंड का यूज कहां किया जाएगा
हालांकि, मुंबई बेस्ड लेंडर ने इस बात की जानकारी नहीं दी है कि फंड का यूज कहां किया जाएगा। भारतीय बैंक लोन की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए अपने कैपिटल बेस को बढ़ा रहे हैं। कई PSU लेंडर्स इस वित्त वर्ष में फंड जुटाने का प्लान बना रहे
केनरा बैंक, पंजाब एंड सिंध बैंक और पंजाब नेशनल बैंक समेत कई PSU लेंडर्स इस फाइनेंशियल ईयर में लोन के माध्यम से फंड जुटाने का प्लान बना रहे हैं। जनवरी में SBI ने ‘बेसल III-कंप्लेंट एडिशनल टियर-I परपेचुअल बॉन्ड’ बेचकर 5,000 करोड़ रुपए जुटाए थे। बैंक ग्रोथ को सपोर्ट देने के लिए इक्विटी कैपिटल जुटाने के लिए भी तैयार
चेयरमैन दिनेश कुमार खारा ने पिछले महीने कहा था कि लेंडर ग्रोथ को सपोर्ट देने के लिए इक्विटी कैपिटल जुटाने के लिए भी तैयार है। मंगलवार को SBI का शेयर 0.44% की तेजी के साथ 835.50 रुपए पर बंद हुआ। इसका मार्केट कैप 7.45 लाख करोड़ रुपए है। SBI के शेयर ने अपने निवेशकों को एक साल में 44.39% रिटर्न दिया
SBI का शेयर बीते एक महीने में 3.30% और पिछले छह महीने में 36.02% बढ़ा है। वहीं कंपनी के शेयर ने अपने निवेशकों को एक साल में 44.39% रिटर्न दिया है। SBI का चौथी तिमाही में मुनाफा 24% बढ़कर ₹20,698 करोड़
SBI का वित्त वर्ष 2023-24 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च) में मुनाफा सालाना आधार पर 23.98% बढ़कर ₹20,698 करोड़ रहा। एक साल पहले की समान तिमाही में सरकारी बैंक ने ₹16,695 करोड़ का नेट मुनाफा दर्ज किया था। इंटरेस्ट इनकम 19.46% बढ़कर ₹6,909 करोड़ रुपए रही
चौथी तिमाही में बैंक की इंटरेस्ट इनकम (ब्याज आय) सालाना आधार पर 19.46% बढ़कर ₹1,11,043 करोड़ रही। पिछले साल की समान तिमाही में यह ₹92,951 करोड़ रुपए रही थी। वहीं पिछली तिमाही (Q3FY24) में बैंक ने ब्याज से ​​​₹1,06,734 करोड़ की आमदनी की थी। यानी तिमाही आधार (QoQ) पर कंपनी की नेट इंटरेस्ट इनकम 4.03% बढ़ी है। वापस नहीं मिली राशि NPA हो जाती है
बैंक जो लोन या एडवांस देता है, अगर वह समय पर वापस नहीं मिला, उस राशि को बैंक NPA या नॉन-परफॉर्मिंग एसेट घोषित कर देता है। सामान्य तौर पर 90 दिनों तक रिटर्न नहीं मिलने की स्थिति में लोन या एडवांस अमाउंट को बैंक NPA की लिस्ट में डाल देता है। देश का सबसे बड़ा बैंक है SBI
भारतीय स्टेट बैंक देश का सबसे बड़ा सरकारी बैंक है। SBI में सरकार की 56.92% हिस्सेदारी है। 1 जुलाई 1955 को इसकी स्थापना हुई थी। बैंक का मुख्यालय मुंबई में है। एक चौथाई बाजार हिस्सेदारी के साथ इसकी 22,405 से ज्यादा ब्रांच और 48 करोड़ से ज्यादा ग्राहक है। बैंक दुनिया के 29 देशों में काम करता है। भारत के बाहर इसके 235 ब्रांच हैं।